Panchayat Kalyan Kosh scheme 2026

January 16, 2025

Reading Time : 5 min

योजना का विवरण (Details) – 2026-27

पंचायत कल्याण कोष योजना उत्तर प्रदेश सरकार के पंचायती राज विभाग द्वारा शुरू की गई एक अत्यंत महत्वपूर्ण पहल है। 2026-27 के नवीनतम अपडेट के अनुसार, इस योजना का मुख्य उद्देश्य ग्राम प्रधानों, क्षेत्र पंचायत प्रमुखों, जिला पंचायत अध्यक्षों और त्रिस्तरीय पंचायत के सभी निर्वाचित सदस्यों के परिवारों को सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा प्रदान करना है। यदि किसी पंचायत प्रतिनिधि का अपने कार्यकाल के दौरान (पद पर रहते हुए) आकस्मिक निधन हो जाता है, तो राज्य सरकार द्वारा उनके आश्रितों को सीधे उनके बैंक खाते (DBT के माध्यम से) में सहायता राशि प्रदान की जाती है।

मिलने वाले लाभ (Benefits)

पद पर रहते हुए मृत्यु होने की स्थिति में, 2026-27 के दिशा-निर्देशों के तहत आश्रितों को निम्नलिखित आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है:

  • ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत प्रमुख और जिला पंचायत अध्यक्ष के परिवार को: ₹10,00,000/- (दस लाख रुपये)।
  • जिला पंचायत सदस्य के आश्रितों को: ₹5,00,000/- (पांच लाख रुपये)।
  • ग्राम पंचायत सदस्य (वार्ड मेंबर) के परिवार को: ₹2,00,000/- (दो लाख रुपये)।

पात्रता मानदंड (Eligibility)

इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए निम्नलिखित शर्तें पूरी होनी चाहिए:

  • मृतक उत्तर प्रदेश का निवासी और निर्वाचित पंचायत प्रतिनिधि (ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत या जिला पंचायत) होना चाहिए।
  • प्रतिनिधि की मृत्यु उनके आधिकारिक कार्यकाल के दौरान (पद पर रहते हुए) हुई हो।
  • मृत्यु प्राकृतिक या आकस्मिक दुर्घटना के कारण होनी चाहिए।
  • आत्महत्या (Suicide) या किसी आपराधिक कृत्य में संलिप्तता के दौरान मृत्यु होने पर आश्रित इस योजना के पात्र नहीं होंगे।

आवेदन प्रक्रिया (Application Process)

2026-27 में प्रक्रिया को पूरी तरह से पारदर्शी और डिजिटल कर दिया गया है। आवेदन की प्रक्रिया इस प्रकार है:

  • आश्रित परिवार को मृत्यु के उपरांत संबंधित जिला पंचायत राज अधिकारी (DPRO) के कार्यालय में आवेदन जमा करना होगा।
  • जिला मजिस्ट्रेट (DM) द्वारा आवेदन की जांच और अनुमोदन किया जाएगा।
  • अनुमोदन के पश्चात, DPRO अपनी विभागीय लॉगिन आईडी के माध्यम से सभी दस्तावेजों को पंचायती राज निदेशक (Director, Panchayati Raj) को ऑनलाइन पोर्टल पर अग्रेषित करेंगे।
  • वेरिफिकेशन पूरा होने के बाद, योजना की राशि सीधे लाभार्थी (आश्रित) के बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी।

आवश्यक दस्तावेज (Documents Required)

आवेदन के समय निम्नलिखित दस्तावेजों की आवश्यकता होगी:

  • आवेदक (आश्रित) का पहचान प्रमाण पत्र (आधार कार्ड / वोटर आईडी)।
  • परिवार रजिस्टर की नकल या फैमिली आई.डी. (मृतक के साथ संबंध प्रमाणित करने हेतु)।
  • सक्षम प्राधिकारी द्वारा जारी मृत्यु प्रमाण पत्र।
  • आकस्मिक मृत्यु के मामले में: पंचनामा, एफआईआर (FIR), या पोस्टमार्टम रिपोर्ट।
  • ग्राम पंचायत सचिव, खंड विकास अधिकारी (BDO) या अपर मुख्य अधिकारी द्वारा जारी किया गया मृत्यु/सत्यापन प्रमाण पत्र।
  • मृतक का निर्वाचन प्रमाण पत्र।
  • लाभार्थी का बैंक खाता विवरण (पासबुक की कॉपी)।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

यह उत्तर प्रदेश सरकार की एक योजना है जो त्रिस्तरीय पंचायत प्रतिनिधियों की कार्यकाल के दौरान मृत्यु होने पर उनके आश्रितों को 2 लाख से 10 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता प्रदान करती है।

ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत प्रमुख और जिला पंचायत अध्यक्ष के आश्रितों को ₹10,00,000 (दस लाख रुपये) की वित्तीय सहायता दी जाती है।

नहीं, योजना के स्पष्ट नियमों के अनुसार यदि प्रतिनिधि की मृत्यु आत्महत्या या आपराधिक कृत्यों के कारण हुई है, तो परिवार को इस योजना का लाभ नहीं दिया जाएगा।

आश्रितों को DPRO के माध्यम से आवेदन करना होता है, जिसे DM के अप्रूवल के बाद ऑनलाइन पोर्टल के जरिए पंचायती राज निदेशालय भेजा जाता है और राशि सीधे खाते (DBT) में ट्रांसफर होती है।

About the author

Pretium lorem primis senectus habitasse lectus donec ultricies tortor adipiscing fusce morbi volutpat pellentesque consectetur risus molestie curae malesuada. Dignissim lacus convallis massa mauris enim mattis magnis senectus montes mollis phasellus.

Leave a Comment